बार-बार बढ़ रहा है वज़न? जानिए थायरॉइड के लक्षण, कारण और इलाज
Home » blogs »
Medical illustration showing a woman experiencing weight gain due to thyroid disorder while checking her weight.

बार-बार बढ़ रहा है वज़न? कहीं थायरॉइड तो नहीं है वजह

Table of Contents

क्या आप हेल्दी खाना खा रहे हैं, फिर भी आपका वज़न लगातार बढ़ रहा है? क्या रोज़ वॉक या एक्सरसाइज करने के बाद भी वजन कम नहीं हो रहा? अगर ऐसा है, तो इसकी वजह सिर्फ ज़्यादा खाना या कम मेहनत करना नहीं हो सकती। कई बार इसके पीछे थायरॉइड की समस्या भी हो सकती है।

आज के समय में थायरॉइड की बीमारी तेजी से बढ़ रही है। खासकर महिलाओं में यह समस्या अधिक देखने को मिलती है। लेकिन पुरुष और बच्चे भी इससे प्रभावित हो सकते हैं। कई लोग लंबे समय तक यह समझ ही नहीं पाते कि उनके शरीर में होने वाले बदलाव थायरॉइड की वजह से हो रहे हैं। इसलिए समय पर जांच और सही इलाज बहुत जरूरी है।

अगर आपका वजन बिना किसी स्पष्ट कारण के बढ़ रहा है, हर समय थकान रहती है या शरीर पहले जैसा एक्टिव महसूस नहीं करता, तो इसे नजरअंदाज न करें। समय पर किसी Best Endocrinology doctor in Jaipur से सलाह लेने से बीमारी का पता जल्दी चल सकता है और सही इलाज शुरू किया जा सकता है।

थायरॉइड क्या होता है?

थायरॉइड हमारे गले के सामने मौजूद एक छोटी-सी तितली के आकार की ग्रंथि (Gland) होती है। यह शरीर के लिए बहुत जरूरी हार्मोन बनाती है, जो शरीर के कई महत्वपूर्ण कामों को नियंत्रित करते हैं।

ये हार्मोन तय करते हैं कि—

  • शरीर कितनी तेजी से कैलोरी खर्च करेगा।
  • दिल कितनी तेजी से धड़केगा।
  • शरीर का तापमान कैसा रहेगा।
  • ऊर्जा कितनी बनेगी।
  • शरीर का मेटाबॉलिज्म कैसे काम करेगा।

जब थायरॉइड सही मात्रा में हार्मोन नहीं बनाता, तो शरीर के कई काम प्रभावित होने लगते हैं।

क्या थायरॉइड की वजह से वजन बढ़ता है?

जी हां। अगर थायरॉइड कम काम करता है, जिसे हाइपोथायरॉइडिज्म (Hypothyroidism) कहा जाता है, तो शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है।

इसका मतलब है कि शरीर पहले की तुलना में कम कैलोरी खर्च करता है। ऐसे में व्यक्ति सामान्य मात्रा में खाना खाने के बाद भी वजन बढ़ने लगता है।

हालांकि हर बढ़ता हुआ वजन थायरॉइड की वजह से नहीं होता। लेकिन अगर वजन बढ़ने के साथ दूसरे लक्षण भी दिखाई दें, तो जांच करवाना जरूरी है।

थायरॉइड के कारण वजन क्यों बढ़ता है?

जब शरीर में थायरॉइड हार्मोन की कमी हो जाती है, तब—

  • शरीर की ऊर्जा कम बनने लगती है।
  • कैलोरी धीरे-धीरे खर्च होती है।
  • शरीर में पानी रुकने लगता है।
  • मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है।
  • थकान की वजह से व्यक्ति कम एक्टिव रहता है।

इन सभी कारणों से धीरे-धीरे वजन बढ़ सकता है।

थायरॉइड के अन्य लक्षण

वजन बढ़ना इसका एक लक्षण हो सकता है, लेकिन इसके अलावा भी कई संकेत दिखाई देते हैं।

जैसे—

  • हर समय थकान महसूस होना
  • ज्यादा नींद आना
  • ठंड ज्यादा लगना
  • कब्ज की समस्या
  • त्वचा का सूखना
  • बाल झड़ना
  • चेहरे पर सूजन
  • याददाश्त कमजोर होना
  • काम में मन न लगना
  • आवाज भारी होना
  • दिल की धड़कन धीमी होना

महिलाओं में—

  • पीरियड्स का अनियमित होना
  • ज्यादा या कम ब्लीडिंग
  • गर्भधारण में परेशानी

अगर इनमें से कई लक्षण एक साथ दिखाई दें, तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

किन लोगों में थायरॉइड का खतरा ज्यादा होता है?

कुछ लोगों में थायरॉइड होने की संभावना अधिक होती है।

जैसे—

  • महिलाओं में
  • 30 वर्ष के बाद
  • परिवार में किसी को थायरॉइड होना
  • PCOS से पीड़ित महिलाएं
  • डायबिटीज के मरीज
  • ऑटोइम्यून बीमारी वाले लोग
  • गर्भावस्था के बाद कुछ महिलाओं में

इसका मतलब यह नहीं कि बाकी लोगों को यह बीमारी नहीं हो सकती। इसलिए लक्षणों पर ध्यान देना जरूरी है।

थायरॉइड की जांच कैसे होती है?

अगर डॉक्टर को थायरॉइड का शक होता है, तो वे कुछ ब्लड टेस्ट कराने की सलाह देते हैं।

जैसे—

  • TSH Test
  • T3 Test
  • T4 Test

जरूरत पड़ने पर डॉक्टर अन्य जांच भी लिख सकते हैं।

ये जांच यह बताती हैं कि थायरॉइड सामान्य तरीके से काम कर रहा है या नहीं।

अगर थायरॉइड है, तो क्या वजन कम हो सकता है?

अगर सही समय पर इलाज शुरू हो जाए और मरीज डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवा ले, तो शरीर का हार्मोन स्तर धीरे-धीरे सामान्य होने लगता है।

इसके साथ अगर—

  • हेल्दी डाइट ली जाए,
  • नियमित एक्सरसाइज की जाए,
  • अच्छी नींद ली जाए,

तो वजन नियंत्रित करने में काफी मदद मिल सकती है।

लेकिन केवल थायरॉइड की दवा खाने से वजन अपने आप कम नहीं हो जाता। इसके लिए स्वस्थ जीवनशैली भी जरूरी होती है।

थायरॉइड का इलाज कैसे किया जाता है?

थायरॉइड का इलाज मरीज की रिपोर्ट और स्थिति के अनुसार किया जाता है।

अगर हार्मोन कम बन रहे हैं, तो डॉक्टर हार्मोन की दवा देते हैं।

दवा की मात्रा हर मरीज के लिए अलग हो सकती है। इसलिए डॉक्टर की सलाह के बिना दवा शुरू या बंद नहीं करनी चाहिए।

समय-समय पर ब्लड टेस्ट कराना भी जरूरी होता है ताकि दवा की सही मात्रा तय की जा सके।

थायरॉइड होने पर क्या खाएं?

  • हरी सब्जियां
  • ताजे फल
  • दालें
  • दूध और दही (अगर डॉक्टर मना न करें)
  • अंडे (अगर खाते हों)
  • साबुत अनाज
  • पर्याप्त पानी

डाइट में शामिल करें—

प्रोटीन और फाइबर से भरपूर भोजन वजन नियंत्रित रखने में मदद करता है।

संतुलित और पौष्टिक भोजन बहुत जरूरी है।

किन चीजों का ध्यान रखें?

अगर आपको थायरॉइड है, तो कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है—

  • रोजाना समय पर दवा लें।
  • डॉक्टर की सलाह के बिना दवा बंद न करें।
  • नियमित ब्लड टेस्ट करवाएं।
  • रोज कम से कम 30 मिनट वॉक करें।
  • पर्याप्त नींद लें।
  • तनाव कम रखें।
  • ज्यादा मीठा और जंक फूड कम खाएं।
  • वजन पर नजर रखें।

क्या थायरॉइड पूरी तरह ठीक हो सकता है?

यह इस बात पर निर्भर करता है कि समस्या किस प्रकार की है।

कई लोगों को लंबे समय तक दवा लेनी पड़ती है, जबकि कुछ मामलों में इलाज के बाद स्थिति सामान्य हो सकती है।

सबसे जरूरी बात यह है कि थायरॉइड को सही तरीके से कंट्रोल किया जा सकता है और मरीज सामान्य जीवन जी सकता है।

कब डॉक्टर से तुरंत मिलना चाहिए?

अगर आपको—

  • अचानक वजन बढ़ रहा हो,
  • हर समय थकान रहती हो,
  • बाल तेजी से झड़ रहे हों,
  • ठंड ज्यादा लगती हो,
  • पीरियड्स अनियमित हों,
  • कब्ज लंबे समय तक बनी रहे,
  • गर्दन में सूजन दिखाई दे,

तो बिना देरी किए डॉक्टर से जांच करवानी चाहिए।

जितनी जल्दी बीमारी का पता चलता है, इलाज उतना ही आसान होता है।

क्या थायरॉइड से बचाव संभव है?

हर मामले में थायरॉइड को रोका नहीं जा सकता, लेकिन कुछ अच्छी आदतें अपनाकर इसके खतरे को कम किया जा सकता है।

  • संतुलित भोजन करें।
  • नियमित व्यायाम करें।
  • वजन नियंत्रित रखें।
  • तनाव कम करें।
  • पर्याप्त नींद लें।
  • नियमित हेल्थ चेकअप करवाएं।
  • अगर परिवार में किसी को थायरॉइड है, तो समय-समय पर जांच करवाएं।

स्वस्थ जीवनशैली अपनाने से न केवल थायरॉइड बल्कि कई दूसरी बीमारियों का खतरा भी कम होता है।

निष्कर्ष

बार-बार बढ़ता हुआ वजन हमेशा ज्यादा खाने की वजह से नहीं होता। कई बार इसके पीछे थायरॉइड जैसी हार्मोन से जुड़ी समस्या भी हो सकती है। अगर वजन बढ़ने के साथ थकान, बाल झड़ना, कब्ज, ठंड ज्यादा लगना या पीरियड्स में गड़बड़ी जैसे लक्षण भी दिखाई दे रहे हैं, तो इन्हें नजरअंदाज न करें।

समय पर जांच और सही इलाज से थायरॉइड को अच्छी तरह नियंत्रित किया जा सकता है। इसके साथ संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और डॉक्टर की सलाह का पालन करने से आप स्वस्थ और सक्रिय जीवन जी सकते हैं।

ManglamPlus Medicity में अनुभवी एंडोक्राइनोलॉजी विशेषज्ञ, आधुनिक जांच सुविधाएं और व्यक्तिगत उपचार की सुविधा उपलब्ध है। अगर आपको थायरॉइड या अन्य हार्मोन से जुड़ी किसी भी समस्या के लक्षण महसूस हो रहे हैं, तो समय पर जांच करवाएं। सही निदान और सही इलाज के लिए किसी Best Endocrinology doctor in Jaipur से सलाह लेना आपकी सेहत के लिए सबसे बेहतर कदम हो सकता है।

Book Appointment

Request a Callback